__________________________ ख्वाब में वो मेरा होता हैं

ख्वाब में वो मेरा होता हैं

 
★ ख्वाब में वो मेरा होता हैं ★

दोस्तों, आज की यह कविता 'ख्वाब में वो बस मेरा होता है' मोहब्बत के उस खूबसूरत और अधूरे अहसास की दास्तान है जब इंसान हकीकत की दुनिया से दूर, अपनी ही एक जादुई दुनिया बसा लेता है। जब इस बेरंग दुनिया में प्यार मुकम्मल नहीं हो पाता, तब दिल सपनों का सहारा लेता है जहाँ न कोई बंदिशें होती हैं और न ही बिछड़ने का डर। इस कविता के माध्यम से मैंने उसी पावन प्रेम, बंद आँखों में सजने वाले हसीन चेहरों और ख्वाबों में मिलने वाले उस सुकून को शब्दों का रूप देने की कोशिश की है। उम्मीद है कि अधूरेपन में भी छुपे प्यार के इस खूबसूरत अहसास को समेटती यह कविता आपके दिल को ज़रूर छुएगी...!

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ख्वाब में वो बस मेरा होता हैं,

साथ हमारा एक जहां होता हैं,

जहाँ हमारे अलावा ना कोई दूजा होता हैं,

दुनियां से दूर बस वो मेरा होता हैं,

आँखों में मेरे बस उसका ही चेहरा होता हैं,

ख्वाब में वो बस मेरा होता हैं...!

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मिलते हैं हसीन रात बन कर,

सुबह को भी हमारा इंतजार होता हैं,

इश्क खूबसूरत हैं,

ये बस ख्वाबों में देखा हैं,

जहाँ हमारा प्यार मुकम्मल होता हैं,

ख्वाब में वो बस मेरा होता हैं...!

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👉 शुक्रिया 👈

आपकी अपनी 🌹 

Ahasas Dayri 📕

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कुछ अनकहे सवाल (आपका नजरिया):-

इस कविता को लिखने के बाद, मेरे मन में कुछ सवाल हैं:-

● क्या आपको भी लगता है कि कुछ रिश्ते हकीकत से ज्यादा ख्वाबों में खूबसूरत होते हैं ?

● इस कविता की कौन सी लाइन आपको अपने दिल के सबसे करीब लगी ?

● क्या आपके साथ भी कभी ऐसा हुआ है कि कोई सिर्फ आपके सपनों में ही आपका अपना हो ?

● आपके हिसाब से 'मुकम्मल प्यार' क्या है—साथ रहना या सिर्फ उसे याद करना ?

● नीचे कमेंट्स में अपनी अहसास साझा करें।

निष्कर्ष (Conclusion):-

अंत में, यह कविता हमें यह अहसास दिलाती है कि कभी-कभी हकीकत की दुनिया में जो रिश्ते मुकम्मल नहीं हो पाते, वे सपनों की दुनिया में और भी खूबसूरत हो जाते हैं। जब वास्तविकता हमें मजबूर कर देती है और हम अपनों से दूर हो जाते हैं, तब ये ख्वाब ही एक ऐसी सुरक्षित जगह बन जाते हैं जहाँ न बिछड़ने का डर होता है और न ही किसी पाबंदी का। सपनों में हम बेफिक्र होकर अपने चाहने वालों के साथ समय बिता सकते हैं, उनकी मौजूदगी महसूस कर सकते हैं और दिल को वो सुकून दे सकते हैं जो शायद हकीकत में पाना कठिन हो।

यह कविता सिर्फ एक कल्पना नहीं, बल्कि उन अधूरे अहसासों की एक प्यारी सी दास्तान है, जो हमें सिखाती है कि प्यार सिर्फ साथ रहने में ही नहीं, बल्कि यादों और सपनों की उस खुशनुमा दुनिया में भी जीवित रहता है। भले ही हकीकत में वे हमारे पास न हों, लेकिन सपनों में वे हमेशा हमारे अपने रहते हैं। यह उन लोगों के लिए एक खूबसूरत अहसास है जो आज भी अपने अधूरे प्यार को सपनों के ज़रिए जी रहे हैं और खुद को तसल्ली देते हैं कि कम से कम ख्वाबों की दुनिया में सब कुछ अपना है।

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